google.com, pub-3310156774694367, DIRECT, f08c47fec0942fa0
top of page
WhatsApp Image 2025-09-10 at 15.54_edite
ADN FILMS POSTER

BREAKING ADN NEWS

WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-08 at 12.10.10.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (2).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31 (1).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (1).jpeg

मल्हार शासकीय स्कूल में मनमानी और उत्पीड़न के आरोप: 30 किमी का सफर तय कर कलेक्ट्रेट पहुंचीं छात्राएं, DEO का घेराव....

Oct 2
2 min read

ब्रेकिंग ADN न्यूज़:-

बिलासपुर… शिक्षा के मंदिर में जब व्यवस्था ही सवालों के घेरे में आ जाए, तो नौनिहालों का भविष्य किस दिशा में जाएगा, यह बड़ा प्रश्न बन जाता है। जांजगीर-चांपा जिले के मल्हार स्थित शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय में कथित मनमानी और दुर्व्यवहार से त्रस्त होकर कक्षा 9वीं से 12वीं तक की छात्राएं लगभग 30 किलोमीटर का लंबा सफर तय करके सीधे बिलासपुर कलेक्ट्रेट जा पहुंचीं। यहाँ उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी (DEO) का घेराव कर स्कूल प्रबंधन के खिलाफ जमकर आक्रोश व्यक्त किया और उच्च स्तरीय जाँच की माँग की।


गंभीर आरोप: फीस वसूली से लेकर एक्सपायर्ड सैनिटरी पैड वितरण तक -

छात्राओं ने विद्यालय प्रबंधन और प्राचार्य पर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि विद्यालय में नियमों को ताक पर रखकर मनमानी फीस वसूली जा रही है। विरोध करने या सवाल उठाने पर प्राचार्य द्वारा अभद्र भाषा का प्रयोग किया जाता है और गाली-गलौज करते हुए पुलिस में झूठी एफआईआर (FIR) दर्ज कराने की धमकी दी जाती है।

इसके अलावा, छात्राओं ने एक बेहद संवेदनशील और चौंकाने वाला मामला सामने रखते हुए बताया कि सैनिटरी पैड के नाम पर अवैध रूप से पैसे वसूले जा रहे हैं और जो पैड वितरित किए जाते हैं, वे भी एक्सपायर्ड (समय-सीमा समाप्त) होते हैं, जिससे छात्राओं के स्वास्थ्य पर गंभीर खतरा मंडरा रहा है।


प्रशासनिक कार्यप्रणाली पर उठ रहे बड़े सवाल -

इस घटना ने स्थानीय शिक्षा तंत्र की कार्यप्रणाली पर बड़े सवाल खड़े कर दिए हैं।


  • क्या स्कूल स्तर पर बच्चों की समस्याओं की सुनवाई के लिए कोई मंच नहीं बचा है?

  • यदि विद्यालय में सब कुछ ठीक था, तो मासूम बच्चियों को सड़क पर उतरकर 30 किलोमीटर दूर कलेक्ट्रेट का दरवाजा क्यों खटखटाना पड़ा?

  • स्थानीय स्तर पर शिकायतें किए जाने के बावजूद समय रहते उचित कदम क्यों नहीं उठाए गए?


निष्पक्ष जाँच और सुरक्षा की दरकार -

छात्राओं ने लिखित शिकायत सौंपकर मांग की है कि पूरे मामले की पारदर्शी तरीके से जाँच हो, उनकी पहचान (गोपनीयता) सुरक्षित रखी जाए और दोषी पाए जाने वाले जिम्मेदार अमले पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाए।


फिलहाल ये सभी आरोप विद्यार्थियों द्वारा लगाए गए हैं, जिनकी प्रशासनिक स्तर पर स्वतंत्र जाँच और संबंधित पक्षों का पक्ष आना अभी बाकी है। किंतु, इतनी दूर से चलकर बेटियों का इस तरह न्याय की गुहार लगाना शिक्षा विभाग की व्यवस्था पर एक गंभीर तमाचा है। अब देखना यह होगा कि विभाग इस मामले को केवल कागजों में दबाता है या वास्तव में जमीनी हकीकत का पता लगाकर सख्त कदम उठाता है, ताकि भविष्य में किसी भी छात्र को डर के साए में पढ़ाई न करनी पड़े।

Comments


© 2018 by Anis lala dani. Proudly created with breakingadnnews.com

  • Subscribe Channale
bottom of page
naver-site-verification: navere8d42c0359e3e135363406d5b6093c27.html