google.com, pub-3310156774694367, DIRECT, f08c47fec0942fa0
top of page
WhatsApp Image 2025-09-10 at 15.54_edite
ADN FILMS POSTER

BREAKING ADN NEWS

WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-08 at 12.10.10.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (2).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31 (1).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (1).jpeg

मृत डॉक्टरों के नाम पर अस्पताल चलाने का गंभीर आरोप, कांग्रेस ने मांगी तत्काल जांच...

Aug 21
2 min read
  • मृत डॉक्टरों और दूसरे के रजिस्ट्रेशन पर अस्पताल संचालन मरीजों के भरोसे से खिलवाड़, सरकार तत्काल कार्रवाई करे |

पत्रकार अमृतेश्वर सिंह की कलम से :-

रायपुर :- प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि प्रदेश में मृत डॉक्टरों के नाम, नामी डॉक्टरों की पहचान और दूसरे डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन का इस्तेमाल कर अस्पतालों का संचालन किया जाना मरीजों के साथ खुला विश्वासघात है। मरीज किसी बड़े डॉक्टर की डिग्री, अनुभव और नाम पर भरोसा करके अस्पताल पहुंचता है, लेकिन यदि वहां इलाज कोई दूसरा व्यक्ति कर रहा है तो यह मरीजों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ है। मृत डॉक्टर के नाम और दूसरे के रजिस्ट्रेशन पर अस्पताल चलाना आखिर किसकी शह पर हो रहा है?


प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि यह केवल नियमों की अनदेखी नहीं, बल्कि डॉक्टर और मरीज के बीच वर्षों से बने भरोसे पर सीधा हमला है। यदि ऐसे अस्पताल में इलाज के दौरान किसी मरीज के साथ अनहोनी हो जाए तो उसकी जिम्मेदारी कौन लेगा? सरकार बताए कि मरीज की जान से खिलवाड़ करने वाले ऐसे अस्पतालों को संरक्षण कौन दे रहा है?


प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा सरकार को ऐसे मामलों में तत्काल जांच कर मृत डॉक्टरों के नाम और दूसरे डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन पर संचालित अस्पतालों की सूची सार्वजनिक करनी चाहिए तथा दोषियों पर कठोर कार्रवाई करनी चाहिए। दूसरे राज्यों से आकर छत्तीसगढ़ में अस्पताल संचालित करने वालों के लिए राज्य में रजिस्ट्रेशन की अनिवार्यता खत्म करने का फैसला भी गंभीर सवाल खड़े करता है। आखिर यह नियम किसे फायदा पहुंचाने के लिए और किसके दबाव में बदला गया? सरकार इस पर जवाब दे।


प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि मरीज और उनके परिजन डॉक्टर को जीवनरक्षक मानकर विश्वास के साथ अपनी जिंदगी उनके हाथों में सौंपते हैं। ऐसे में डॉक्टरों और अस्पताल संचालकों की जिम्मेदारी है कि वे नियमों का पालन करें और मरीजों को वास्तविक डॉक्टर की पहचान और योग्यता की जानकारी दें। जब नर्सिंग काउंसिल, फार्मेसी काउंसिल और आयुष परिषद में रजिस्ट्रेशन नवीनीकरण की प्रक्रिया नियमित रूप से होती है, तो डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन के नवीनीकरण में सरकार और छत्तीसगढ़ मेडिकल काउंसिल को क्या परेशानी है?


प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने कहा कि 4 मार्च 2025 को मेडिकल काउंसिल की सामान्य सभा में डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन के नवीनीकरण का निर्णय होने के बावजूद अब तक प्रक्रिया शुरू नहीं होना बेहद गंभीर है। आखिर इस निर्णय को लागू करने से कौन रोक रहा है? छत्तीसगढ़ मेडिकल काउंसिल अपनी जिम्मेदारी से क्यों बच रही है? सरकार और मेडिकल काउंसिल को इसका स्पष्ट जवाब देना चाहिए।


प्रदेश कांग्रेस के मुख्य प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर ने मांग की कि प्रदेश में मृत डॉक्टरों के नाम, फर्जी,दूसरे डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन अथवा गलत पहचान के आधार पर संचालित अस्पतालों की तत्काल जांच हो, दोषियों के खिलाफ कठोर कानूनी कार्रवाई की जाए और डॉक्टरों के रजिस्ट्रेशन नवीनीकरण की प्रक्रिया तत्काल शुरू की जाए।

Comments


© 2018 by Anis lala dani. Proudly created with breakingadnnews.com

  • Subscribe Channale
bottom of page
naver-site-verification: navere8d42c0359e3e135363406d5b6093c27.html