रायगढ़ में कोयला हेराफेरी का आरोपी बिहार से गिरफ्तार, 10 लाख का ट्रक जब्त...
रायगढ़: कोयला परिवहन में लाखों की हेराफेरी करने वाला आरोपी बिहार से गिरफ्तार, 10 लाख का ट्रक जब्त |
'ऑपरेशन क्लीन हंट' के तहत घरघोड़ा पुलिस की बड़ी कार्रवाई; अकलतरा प्लांट जा रहा 24.620 मीट्रिक टन कोयला रास्ते में बेचने का मामला।

ब्रेकिंग ADN न्यूज़ :-
रायगढ़ :- छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में पुलिस ने कोयला परिवहन के दौरान लाखों रुपये की धोखाधड़ी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार करने में बड़ी सफलता हासिल की है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक शशि मोहन सिंह के निर्देशन में चलाए जा रहे 'ऑपरेशन क्लीन हंट' के तहत घरघोड़ा पुलिस ने 24.620 मीट्रिक टन कोयले की हेराफेरी कर उसे अन्यत्र बेचने वाले आरोपी को बिहार के रोहतास जिले से दबोचा है। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से घटना में इस्तेमाल करीब 10 लाख रुपये कीमत का ट्रक भी जब्त कर लिया है। आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर रायगढ़ लाकर न्यायिक रिमांड पर भेजने की प्रक्रिया की जा रही है।
क्या है पूरा मामला?
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार, इस घटना की शुरुआत जनवरी 2026 में हुई थी। रायगढ़ के ढिमरापुर स्थित 'राज ट्रांसपोर्ट' द्वारा जामपाली कोयला खदान से जांजगीर-चांपा जिले के अकलतरा स्थित 'आरसमेटा प्लांट' तक कोयला पहुंचाने का अनुबंध किया गया था। इसके लिए ट्रक (क्रमांक CG-12-S-4455) के चालक से 700 रुपये प्रति टन की दर से परिवहन तय हुआ था। तय व्यवस्था के तहत ट्रक में G-10 ग्रेड का 24.620 मीट्रिक टन कोयला लोड किया गया और वाहन को अकलतरा प्लांट के लिए रवाना किया गया था।
फोन उठाना बंद कर दी धमकी-
लेकिन अगले दिन तक जब ट्रक निर्धारित स्थान पर नहीं पहुँचा, तो ट्रांसपोर्ट संचालक ने चालक से संपर्क करने की कोशिश की, मगर उसने फोन उठाना बंद कर दिया। लगातार प्रयासों के करीब 10 दिन बाद जब चालक से संपर्क हुआ, तो उसने कथित तौर पर कोयला दूसरी जगह बेच देने की बात स्वीकार की। शिकायत के मुताबिक, चालक ने फोन पर धमकी देते हुए कहा कि "जो करना है कर लो।" इस धोखाधड़ी से ट्रांसपोर्ट संचालक को करीब डेढ़ लाख रुपये का आर्थिक नुकसान हुआ।
इस मामले में बोईरदादर निवासी विवेक पाण्डेय ने 8 मई 2026 को घरघोड़ा थाने में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अपराध क्रमांक 156/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 318(4) और 316(3) के अंतर्गत धोखाधड़ी एवं आपराधिक न्यासभंग का मामला दर्ज कर विवेचना शुरू की।
बिहार के रोहतास से ऐसे पकड़ा गया आरोपी-
विवेचना के दौरान पुलिस ने शिकायतकर्ता और गवाहों के बयान दर्ज किए। इसके बाद आरोपी के मोबाइल नंबर और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर उसकी तलाश तेज की गई। जाँच में सुराग मिला कि आरोपी बिहार के रोहतास जिले में अपने पैतृक गाँव में छिपा हुआ है। इस सूचना पर एसएसपी शशि मोहन सिंह ने तत्काल विशेष टीम गठित कर बिहार रवाना किया।
सहायक उप निरीक्षक खेमराज पटेल के नेतृत्व में पुलिस टीम ने बिहार के रोहतास पहुंचकर स्थानीय पुलिस की मदद से घेराबंदी की और आरोपी ललन कुमार पासवान (उम्र 57 वर्ष, निवासी अमरथा, थाना काराकाट, जिला रोहतास, बिहार) को हिरासत में ले लिया। आरोपी को विक्रमगंज स्थित सक्षम न्यायालय में पेश कर ट्रांजिट रिमांड पर रायगढ़ लाया गया।
ईंट भट्ठों में बेच दिया था कोयला-
पुलिस पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसने परिवहन के लिए मिले कोयले को निर्धारित प्लांट तक पहुँचाने के बजाय रास्ते में ही अलग-अलग ईंट भट्ठा संचालकों को थोड़ी-थोड़ी मात्रा में बेच दिया था। आरोपी की निशानदेही पर घटना में प्रयुक्त ट्रक भी जब्त कर लिया गया है, जिसकी कीमत लगभग 10 लाख रुपये आंकी गई है। इस पूरी कार्रवाई में एडिशनल एसपी अनिल कुमार सोनी के मार्गदर्शन और एसडीओपी धरमजयगढ़ सिद्धांत तिवारी के सुपरविजन में थाना प्रभारी निरीक्षक कुमार गौरव साहू, एएसआई खेमराज पटेल, आरक्षक उधोराम पटेल और मनोज जोल्हे की सराहनीय भूमिका रही। #Raigarh #CoalFraud #OperationCleanHunt #GharghodaPolice #PoliceAction #CoalTransport #FraudCase #TruckSeized #BiharArrest #CrimeNews #breakingADNnews






.jpeg)
.jpeg)
.jpeg)
.jpg)




Comments