google.com, pub-3310156774694367, DIRECT, f08c47fec0942fa0
top of page
WhatsApp Image 2025-09-10 at 15.54_edite
ADN FILMS POSTER

BREAKING ADN NEWS

WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-08 at 12.10.10.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (2).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31 (1).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (1).jpeg

“रथ नहीं हिलता जब तक प्रभु न चाहें” – 1972 का उदाहरण देकर बोले पुरंदर मिश्रा....

Jul 14, 2025
2 min read

पत्रकार अमृतेश्वर सिंह की कलम से:- 

  • राहुल गांधी का रथयात्रा पर झूठ शर्मनाक – सनातन परंपरा का किया घोर अपमान : पुरंदर मिश्रा


  • “भगवान जगन्नाथ का रथ तब रुकता है जब स्वयं प्रभु की इच्छा होती है, किसी व्यक्ति के इशारे पर नहीं”


जगन्नाथ रथयात्रा को लेकर राहुल गांधी द्वारा लोकसभा में दिए गए झूठे और अपमानजनक वक्तव्य पर तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए गायत्री नगर–शंकर नगर स्थित श्रीजगन्नाथ मंदिर सेवा समिति के अध्यक्ष एवं उत्तर विधानसभा क्षेत्र के विधायक श्री पुरंदर मिश्रा ने इसे सनातन संस्कृति और श्रद्धा के प्रति जानबूझकर किया गया हमला बताया है।

“भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा किसी नेता, संगठन या योजना पर नहीं रुकती – यह केवल प्रभु की मर्जी से थमती है। इसे तुच्छ राजनीतिक चश्मे से देखना शर्मनाक है। रथयात्रा पर ऐसा झूठ बोलना भारत की आध्यात्मिक चेतना का अपमान है।”


उन्होंने कहा कि 1972 में भी रथ यात्रा के दौरान ऐसा ही एक क्षण आया था जब रथ अचानक रुक गया। गजपति महाराज दिव्यसिंह देव जी ने सच्चे भाव से प्रार्थना की, और तभी रथ ने गति पकड़ी। यह घटना यह स्पष्ट करती है कि पुरी में न तो किसी सरकार की चलती है, न किसी व्यक्ति विशेष की – वहां केवल प्रभु की लीला होती है।

“सनातन परंपरा को ‘फ्लू’, ‘एड्स’ और ‘वायरस’ बताने वाली मानसिकता के लोग जब भगवान जगन्नाथ पर झूठ बोलते हैं, तो उनका मकसद सिर्फ एक होता है — आस्था को तोड़ना और हिंदुओं को बाँटना।”


उन्होंने कहा कि कांग्रेस का चरित्र अब पूरी तरह सनातन-विरोधी बन चुका है। एक के बाद एक नेता परंपराओं का मज़ाक बना रहे हैं — यही कारण है कि जनता अब कांग्रेस को गंभीरता से नहीं ले रही।

“भगवान जगन्नाथ के धाम में भेदभाव नहीं होता। वहाँ दलित, आदिवासी, साधु-संत, संत कबीरदास, गुरु नानकदेव, स्वामीनारायण, मंगलराम से लेकर विदेशी श्रद्धालु तक दर्शन कर चुके हैं। 1842 में अंग्रेजों ने हाथियों से रथ खिंचवाने की कोशिश की, रथ नहीं हिला — क्योंकि प्रभु की इच्छा के बिना एक चक्र भी नहीं घूमता।”


“अगर उनमें सच्ची श्रद्धा है तो वे कांग्रेस अध्यक्ष खड़गे को साथ लेकर भगवान जगन्नाथ के दरबार में जाएं और देखें कि वहाँ किसी जाति, धर्म या वर्ग का भेदभाव नहीं होता — वहाँ केवल भक्ति चलती है, राजनीति नहीं।”

“कोट के ऊपर जनेऊ पहनने वाले पाखंडियों की राजनीति अब ज्यादा दिन नहीं टिकेगी। भारत की जनता जानती है कि कौन सनातन की रक्षा में खड़ा है और कौन उसका अपमान कर रहा है।”


“भगवान जगन्नाथ की रथयात्रा पर झूठ फैलाने वालों की दुर्गति तय है। सनातन की मर्यादा पर हमला करने वालों को जनता कभी माफ नहीं करेगी। यह सिर्फ आस्था नहीं, आत्मा का विषय है — और जो आत्मा से टकराएगा, उसका अंत निश्चित है।

इस अवसर पर -

अमित चिमनानी (प्रदेश मीडिया प्रभारी), रमेश ठाकुर (भाजपा जिलाध्यक्ष), देवलाल ठाकुर (प्रदेश प्रवक्ता), निशिकांत पांडे (पैनलिस्ट) आदि प्रेस वार्ता में मौजूद रहे ।

Comments


© 2018 by Anis lala dani. Proudly created with breakingadnnews.com

  • Subscribe Channale
bottom of page
naver-site-verification: navere8d42c0359e3e135363406d5b6093c27.html