राजनीतिक दल लगा रहे जीत-हार का गणित, मतदान प्रतिशत के आधार पर...

ब्रेकिंग ADN न्यूज़ :-
भोपाल - मध्य प्रदेश विधानसभा चुनाव के लिए मतदान के बाद अब मतदाता, पार्टी और प्रत्याशियों सभी को प्रतीक्षा है तीन दिसंबर की, जब जनादेश सामने आएगा। मतदान प्रतिशत के आधार पर राजनीतिक दल जीत-हार का अपना-अपना गणित लगा रहे हैं।
इसका एक आधार पिछले विधानसभा चुनाव का परिणाम है।
वर्ष 2018 के विधानसभा चुनाव में 30 सीटों पर 80 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ था। इनमें 21 यानी 70 प्रतिशत सीटें कांग्रेस की झोली में आई थीं। शेष आठ में भाजपा और एक में निर्दलीय प्रत्याशी जीता था। इस बार 84 सीटों पर 80 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ है। यह देखना रोचक होगा कि इस बार इन सीटों में से अधिकांश किसके खाते में जाती हैं।
17 नवंबर को हुए मतदान में 80 प्रतिशत से अधिक मतदान वाली सीटों की संख्या आदिवासी बहुल जिलों में ज्यादा रही है। अंचल की बात करें तो इस मामले में महाकोशल अच्छी स्थिति में है। आमतौर पर माना जाता है कि पिछले चुनाव की तुलना में बहुत ज्यादा मतदान या तो किसी लहर विशेष में होता है या फिर सत्ता विरोधी रुझान होने पर। प्रदेश में पिछली बार की तुलना में मतदान प्रतिशत में महज 0.59 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। ऐसे में बढ़ा हुआ मतदान प्रतिशत किसी लहर से प्रभावित नहीं माना जा रहा है।






.jpeg)
.jpeg)
.jpeg)
.jpg)




Comments