google.com, pub-3310156774694367, DIRECT, f08c47fec0942fa0
top of page
WhatsApp Image 2025-09-10 at 15.54_edite
ADN FILMS POSTER

BREAKING ADN NEWS

WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-08 at 12.10.10.jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (2).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.31 (1).jpeg
WhatsApp Image 2026-09-19 at 09.46.30 (1).jpeg

प्रदेश के अनियमित कर्मचारियों को नई सरकार से सकारात्मक पहल की उम्मीद - गोपाल प्रसाद साहू....

Nov 19, 2023
3 min read




























पत्रकार अमृतेश्वर सिंह की कलम से :-

गोपाल प्रसाद साहू प्रांतीय संयोजक छत्तीसगढ़ अनियमित कर्मचारी मोर्चा ने बताया कि प्रदेश के अनियमित कर्मचारियों को नियमित करने, पृथक कर्मचारियों की बहाली, अंशकालीन कर्मचारियों को पूर्णकालीन करने एवं आउट सोर्सिंग/ठेका/सेवा प्रदाता सिस्टम को बंद करने सहित विभिन्न मांगों पर सकारात्मक पहल करने नई सरकार से सकारात्मक उम्मीद है| प्रदेश में कार्यरत अनियमित कर्मचारियों [आउट सोर्सिंग (प्लेसमेंट), सेवा प्रदाता, ठेका, जाबदर, संविदा, दैनिक वेतन भोगी, कलेक्टर दर, श्रमायुक्त दर पर कार्यरत श्रमिक, मानदेय, अशंकालिक,] अपने नियमितीकरण सहित अन्य मांगों को लेकर विभिन्न मंचों के माध्यम से निरंतर संघर्षरत है|


उल्लेखनीय है प्रदेश के लाखों अनियमित कर्मचारी प्रदेश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे है| ये विगत 5, 10, 15, 20, 25 वर्षों से अधिक समय से आर्थिक एवं मानसिक शोषण के शिकार प्रशासनिक रूप से हो रहे है तथा नियमित कर्मचारी से आधे से कम वेतन में कार्य करने मजबूर है| वर्तमान में इनकी स्थिति मध्यकालीन बन्धुआ मजदूर से बदतर है| बेरोजगारी, आर्थिक असुरक्षा, पारिवारिक जिम्मेदारी, प्रशासनिक दबाव के कारण ये अनियमित कर्मचारी अपने विरुद्ध हो रहे अन्याय का विरोध खुलकर नहीं कर पाते है| उपरोक्त कारणों से समाज के पढ़े-लिखे नव-युवा/युवतियां मानसिक अवसाद से ग्रसित हो रहे है| क़ानूनी बाध्यताएं चन्द्रमोहन नेगी विरुद्ध हिमांचल प्रदेश सरकार : 17 अप्रैल 2020 के परिपेक्ष्य में सुप्रीम कोर्ट द्वारा नियमितीकरण हेतु उमादेवी विरुद्ध सचिव कर्नाटक सरकार द्वारा पारित "एक बार" की बाध्यताएं समाप्त कर दी है|


वर्तमान सरकार ने अपने घोषणा के अनुरूप अनियमित, संविदा एवं दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों को नियमित करने, छटनी न करने तथा आउट सोर्सिंग बंद करने का वादा पूरा नहीं किया और इन वर्ग के कर्मचारियों का वेतन में अपेक्षाकृत वृद्धि नहीं की, जिससे इन वर्ग के कर्मचारी व्यथित है|


छत्तीसगढ़ अनियमित कर्मचारी मोर्चा नई सरकार के समक्ष उपरोक्त समस्याओं को सक्षमता से रखने के उद्देश्य से 100 से अधिक अनियमित संगठनों का बैठक 3 दिसम्बर के बाद आहूत करेगा, जिसमे आगामी रणनीतियों पर समग्र विचार-विमर्श किया जावेगा |


मांग :


1. धरना-प्रदर्शन के दौरान अनियमित कर्मचारियों पर दर्ज मुकदमा को शून्य किया जावे|


2.दैनिक वेतन/कलेक्टर दर/ श्रमायुक्त दर/संविदा, के अस्थायी श्रमिक/ समतुल्य मानदेय/जॉबदर (संविदा तुल्य मानदेय) पर कार्यरत कर्मचारियों को तत्काल नियमित किया जावे| (समस्त विभाग)


3. जॉबदर में कार्यरत कर्मचारियों को मासिक न्यूनतम वेतन पर समायोजित किया जावे तथा नियत अवधि के भीतर नियमितीकरण| (गौसेवक, पीएआईडब्ल्यू, मैत्री, वेक्सिन वाहक, मितानीन, मितानिन प्रशिक्षक )


4. न्यून मानदेय कर्मचारियों को पद हेतु निर्धारित न्यूनतम वेतन दिया जावे तथा एक नियत अवधि के भीतर नियमितीकरण| (किसान मित्र, ग्राम पंचायत भृत्य/आपरेटर, शिक्षा दूत, शिक्षक मितान, शिक्षण सेवक, टयूटर शिक्षक, स्थानीय अतिथि शिक्षक, शाला संगवारी, पोटाकेबिन भृत्य/रसोइया/अनुदेशक, अतिथि शिक्षक-मदरसा, विशेष पिछड़ी क्षेत्रों के विद्यालय में कार्यरत शिक्षक, बिहान कैडर कर्मचारी एवं अन्य)


5.विगत वर्षों से निकाले गए/छटनी किये गए अनियमित कर्मचारियों को तत्काल बहाल किया जावे। (महिला पुलिस वालेंटियर, अंशकालीन स्कूल सफाई कर्मचारी सीतापुर, अतिथि शिक्षक, शिक्षण सेवक-बस्तर, टयूटर शिक्षक-राजनांदगांव, जनभागीदारी शिक्षक, कम्प्यूटर शिक्षक, प्रेरक, औपचारिकेत्तर अनुदेशक, ग्राम स्वराज अभियान कम्प्यूटर आपरेटर, अतिथि व्याख्याता आदि)


6.अंशकालीन कर्मचारियों को पूर्णकालीन किया जावे तथा एक नियत अवधि के भीतर नियमितीकरण| (स्कूल, पालीटेक्निक एवं इंजीनियरिंग कालेज तथा आईटीआई में कार्यरत अतिथि शिक्षक/व्याख्याता/मेहमान प्रवक्ता एवं कर्मचारी)


7.संस्था या कार्यालय में जहाँ कुछ माह के लिए कार्य लिया जाता है वहां वर्षभर कार्य लिया जावे| (अतिथि शिक्षक, अतिथि व्याख्याता, धान उपार्जन केन्द्रों कार्यरत आपरेटर)


8.आउटसोर्सिंग (प्लेसमेंट) के माध्यम से कार्यरत कर्मचारियों को विभाग में समायोजित पश्चात् एक नियत अवधि के भीतर नियमितीकरण| (समस्त विभाग जहाँ प्लेसमेंट से अनियमित कर्मचारी नियोजित है)


9. ठेका के माध्यम से कार्यरत कर्मचारियों को विभाग में समायोजित कर, एक नियत अवधि के भीतर नियमितीकरण| (परिवहन कर्मचारी, स्वास्थ्य सहायता कियोस्क कर्मचारी, विद्युत विभाग-स्टेशन आपरेटर, मीटर रीडर, समार्ट कार्ड मेकर एवं अन्य)


10.सेवा प्रदाता के रूप में कार्यरत कर्मचारियों को विभाग में समायोजित कर, एक नियत अवधि के भीतर नियमितीकरण| (सखी, क्रेडा तकनीशियन )

अनुमानित अनियमित कर्मचारियों की संख्या : (अक्तूबर 2023 की स्थिति में)


1. प्लेसमेंट (आउट सोर्सिंग) - 40537


2. ठेका/सेवा प्रदाता - 30946


3. मानदेय - 112233


4. जॉबदर - 10032


5. अंशकालीन - 65934


6. दे.वे.भो./कलेक्टर दर /श्रमायुक्त श्रमिक - 30772


7. संविदा - 50089


उप योग - 340543


8. मध्यान्न भोजन रसोईया (मानदेय) - 87025


9. मितानिन (जॉब दर) - 72240


10. बिहान केडर (मानदेय) - 98696


11. आंगनबाड़ी /मिनी कार्यकर्त्ता (मानदेय) - 52474


12. आंगनबाड़ी सहायिका (मानदेय) - 46660


13. अनुकम्पा नियुक्ति शिक्षाकर्मी - 1269


उप योग - 358564


14. पृथक अनियमित कर्मचारी - 39934

 
 
 

Comments


© 2018 by Anis lala dani. Proudly created with breakingadnnews.com

  • Subscribe Channale
bottom of page
naver-site-verification: navere8d42c0359e3e135363406d5b6093c27.html