कांग्रेस-बीजेपी ने बिजली संकट पर काम करने की नहीं दिखाई इच्छाशक्ति- कोमल हुपेंडी
बिजली दरों में बढ़ोत्तरी को लेकर AAP का बड़ा बयान
AAP प्रदेशाध्यक्ष कोमल हुपेंडी ने बिजली की महंगाई पर बीजेपी-कांग्रेस को घेरा
उत्पादन में अग्रणी होने के बावजूद छत्तीसगढ़ में बिजली संकट- कोमल हुपेंडी, प्रदेश अध्यक्ष, आप
कांग्रेस-बीजेपी ने बिजली संकट पर काम करने की नहीं दिखाई इच्छाशक्ति- कोमल हुपेंडी
दरों में बढ़ोत्तरी से गरीब, किसान और व्यापारी त्रस्त- आप, प्रदेश अध्यक्ष
बीजेपी-कांग्रेस ने केवल एक-दूसरे पर लगाया आरोप-प्रत्यारोप- कोमल हुपेंडी
पंजाब और दिल्ली में बिजली फ्री हो सकती है तो छत्तीसगढ़ में क्यों नहीं - कोमल हुपेंडी

पत्रकार अमृतेश्वर की कलम से :- "आप" प्रदेश अध्यक्ष ने दोनों दलों पर आरोप लगाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री भूपेश बघेल बिजली बिल बढ़ने पर केंद्र की मोदी सरकार और बीजेपी भूपेश बघेल को जिम्मेदार ठहराती है। जबकि सच्चाई ये है कि दोनों ही दलों ने कभी भी बिजली संकट को गंभीरता से लिया ही नहीं। दोनों दलों की इस समस्या पर काम करने की कभी इच्छाशक्ति ही नहीं रही है। आम आदमी पार्टी ने दिल्ली और पंजाब में 300 यूनिट बिजली फ्री करके साबित कर दिया है कि अगर काम करने की इच्छाशक्ति हो तो किसी भी समस्या का हल निकाला जा सकता है।
प्रदेश में विद्युत दरों में हुई बढ़ोत्तरी को लेकर आम आदमी पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष कोमल हुपेंडी ने बुधवार (02 अगस्त 2023) को कांग्रेस-बीजेपी पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि देश में बिजली उत्पादन के क्षेत्र में अग्रणी राज्य होने के बावजूद छत्तीसगढ़ में बिजली संकट से गरीब, किसान, दुकानदार और उद्योगपति सभी परेशान हैं।
कोमल हुपेंडी ने कहा कि आसमान छूती महंगाई से परेशान लोगों का अब बिजली बिल अधिक आने से गुस्सा बढ़ने लगा है। महंगाई ने पहले ही लोगों का बुरा हाल कर रखा है, अब रही सही कसर बिजली बिल बढ़ोत्तरी कर रही है। सीधे तौर पर यह सरकार की नाकामी है। एक तरफ सरकार आए दिन बड़े-बड़े उद्योगपतियों, कंपनियों के कर्जे माफ करने में लगी है, लेकिन गरीब परिवारों को महंगाई की मार में और दबाए जा रही है। साथ ही उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द ही सरकार ने बिजली संकट को लेकर कोई ठोस कदम नहीं उठाए तो आम आदमी पार्टी के पास सड़कों पर उतरने के सिवाय और कोई चारा नहीं रहेगा। इसे लेकर हम प्रदेशव्यापी महाआंदोलन को बाध्य होंगे।






.jpeg)
.jpeg)
.jpeg)
.jpg)




Comments